राजा दिग्विजय दास की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम संपन्न

1 min read
Share this

*अगले वर्ष इस कार्यक्रम को और बड़े स्वरूप में होगा : मधुसूदन यादव*

*सेवा कार्यों से मिला जनसंदेश*
राजनांदगांव। शहर के जनहितैषी शासक रहे राजा दिग्विजय दास की स्मृति में 25 अप्रैल को महाकाल चौक पर आयोजित श्रद्धांजलि एवं सेवा कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नागरिकों ने भाग लेकर उनके योगदान को याद किया और सेवा कार्यों में सहभागिता निभाई।
*सम्मान समारोह में जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति*
कार्यक्रम के दौरान राजगामी संपदा न्यास की नवनियुक्त अध्यक्ष श्रीमती पूर्णिमा साहू एवं उपाध्यक्ष मनोज निर्वाणी का सम्मान महापौर मधुसूदन यादव की उपस्थिति में किया गया। इस अवसर पर अतिथियों ने राजा दिग्विजय दास के जनसेवा एवं त्यागपूर्ण जीवन को प्रेरणास्रोत बताया।
*शरबत वितरण में दिखी जनभागीदारी*


संस्कारधानी सेवा संस्थान द्वारा महाकाल चौक पर आयोजित शरबत वितरण कार्यक्रम में लगभग 3000 गिलास शरबत आम नागरिकों को वितरित किया गया। कार्यक्रम में शामिल अतिथि महापौर मधुसूदन यादव राजगामी सम्पदा न्यास अध्यक्ष पूर्णिमा साहू उपाध्यक्ष मनोज निर्वाणी ने भी आम नागरिकों को शरबत वितरण किया। इस सेवा कार्य में संस्थान के राजू डागा, लक्ष्मण लोहिया, संजय तेजवानी, भावेश अग्रवाल, मनोज बैद, राजा मखीजा, सुरेश पंजवानी, अमित खंडेलवाल, राजकुमार बाफना, अशोक पांडे सहित अनेक नागरिकों ने सक्रिय सहभागिता निभाई।
*मातृ शक्ति की उल्लेखनीय उपस्थिति*


कार्यक्रम में मातृ शक्ति की भी बड़ी संख्या में भागीदारी रही। प्रमुख रूप से पूर्व पार्षद मिथलेश्वरी देवांगन, शैली साहू, भाजपा महिला मोर्चा अध्यक्ष पुष्पा गायकवाड़, कांति मौर्य, मोना गोसाईं, मधु बैद सहित अन्य महिलाओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
*जनप्रतिनिधि व समाजजन भी रहे उपस्थित*
कार्यक्रम में वार्ड पार्षद शैक्की बग्गा, शरद सिन्हा, संजू बघेल, शेखर लश्करे, राजा मखीजा, वैष्णव समाज के सदस्य एवं शीतला मंदिर के पुजारी गण भी शामिल हुए और आयोजन की सराहना की।
*वक्ताओं ने व्यक्त किए विचार*
महापौर मधुसूदन यादव ने कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज में सेवा और एकता की भावना मजबूत होती है तथा उन्होंने अगले वर्ष इस कार्यक्रम को और बड़े स्वरूप में आयोजित करने का आश्वासन दिया।
राजगामी संपदा न्यास की नवनियुक्त अध्यक्ष पूर्णिमा साहू ने अपने संबोधन में कहा कि राजनांदगांव रियासत की पहचान नागपुर से लेकर रायपुर तक फैली हुई थी। यहां के राजा दानवीर के रूप में जाने जाते थे। उन्होंने कहा कि ऐसे लोकप्रिय राजा दिग्विजय दास को आज हम सभी नमन करते हैं और उन्हें जो जिम्मेदारी मिली है, उसे वे सभी के सहयोग से पूरी निष्ठा के साथ निभाएंगी।
*ऐतिहासिक योगदान को किया गया याद*


कार्यक्रम में वक्ताओं द्वारा राजा दिग्विजय दास के शिक्षा एवं विकास के क्षेत्र में दिए गए योगदानों को याद किया गया। उन्होंने अपना किला कॉलेज के लिए दान दिया, रेलवे के लिए निःशुल्क भूमि प्रदान की तथा शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण संस्थानों की स्थापना कर शहर के विकास में अहम भूमिका निभाई। संस्कारधानी राजाओं के मान सम्मान और स्वाभिमान को सदा याद रखेगी उनके सेवा को हम कभी नहीं भूला पाएंगे

संस्कारधानी सेवा संस्थान के राजू डागा, लक्ष्मण लोहिया ने कहा कि आयोजन के माध्यम से समाज में सेवा, त्याग और जनकल्याण की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया गया, जिससे नागरिकों को समाजहित में आगे आने की प्रेरणा मिली।