आदिवासी अंचलों में डिजिटल क्रांति, आधार संचालक लखन को मिला आधार एक्सीलेंस अवॉर्ड
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00 धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान बनी जनजातीय सशक्तिकरण की मिसाल, 2340 नागरिकों को मिला आधार समाधान
मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी। जिले में धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान जनजातीय समुदाय के जीवन में आशा की नई किरण बनकर उभरी है। इस योजना के अंतर्गत लगाए जा रहे शिविरों के माध्यम से दूरस्थ अंचलों तक आधार से संबंधित सेवाएं पहुँचाई जा रही हैं, जिससे हजारों नागरिकों को घर के पास ही राहत मिल रही है। अब तक जिले में आयोजित शिविरों के माध्यम से 2340 से अधिक जनजातीय नागरिकों को आधार कार्ड बनाया, अद्यतन एवं समस्याओं का समाधान सफलतापूर्वक किया जा चुका है। इससे यह स्पष्ट होता है कि धरती आबा योजना केवल एक सरकारी पहल नहीं, बल्कि जनजातीय समाज के लिए एक डिजिटल सशक्तिकरण अभियान बन गई है।

जिले के आधार सेवा संचालक श्री लखन लाल साहू को जिला अंतर्गत राज्य में छत्तीसगढ़ राज्य के वामपंथी उग्रवाद प्रभावित जिलों में आधार नामांकन एवं अद्यतन सेवाओं में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाला ऑपरेटर यह पुरस्कार यूआईडीएआई क्षेत्रीय कार्यालय हैदराबाद द्वारा 20 जून 2025 को रायपुर में आयोजित सम्मान समारोह में प्रदान किया गया। धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान अंतर्गत नागरिकों को डिजिटल सेवा आधार, आय, जाति, निवास, बिजली की बिल भुगतान, गैस रिफिलिंग, ट्रेन टिकट, बैंकिग, किसानों का फसल बीमा, किसान पंजीयन, वोटर आईडी कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पेन कार्ड, आदि सेवाएं जनजातीय समुदाय के नागरिकों को धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान शिविर में ग्राम स्तर पर ही मुहैया हो रहा है।
धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान आज ग्राम विकास, जन सुविधा और डिजिटल समावेश का प्रतीक बन चुकी है। यह पहल न केवल आधार जैसी महत्वपूर्ण सेवा को सुलभ बना रही है, बल्कि जनजातीय अंचलों को मुख्यधारा से जोडऩे की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हो रही है।
