छत्तीसगढ़ सर्व बंग समाज ने की सांसद महुआ मोइत्रा की गिरफ्तारी की मांग
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00 भारतीय बांग्लाभाषी और बांग्लादेशी है अलग
रायपुर। अपने स्वयं के राजनैतिक लाभ के लिए पश्चिम बंगाल के कुछ टीएमसी नेता बार-बार बंग समाज के अस्मिता के साथ खिलवाड़ कर रहे है यह बात किसी भी हालत में छत्तीसगढ़ सर्व बंग समाज को मंजूर नहीं है और इसके विरोध में हर स्तर पर समाज आंदोलन के लिए तैयार है। सदा सर्वदा से ही बंग समाज को छत्तीसगढ़ में विशेष सम्मान मिलते आया है और यहाँ 100 साल से भी ऊपर हो गए बंग समाज के लोगो को निवास करते हुए, आज यहाँ बंग समाज के ऐसे साथी भी जिनकी तीसरी- चौथी पीढ़ी जीवन यापन कर रही है। कमोबेश सम्पूर्ण भारत देश के हर प्रदेशों में यही वर्तमान परिदृश्य है बंग समाज को लेकर, क्योंकि एक समय पर पश्चिम बंगाल में ही डाक्टरी, इंजीनियरिंग व $कानून के पेशेवर मौजूद थे जिन्हे तत्कालीन राजाओं ने या अंग्रेजों ने समाज के सेवा हेतु अलग अलग प्रदेशों में बसाया था।

समाज के सदस्यों ने आज एक पीसी की जिसमें सुब्रत चाकी,गोपाल सामंतो,तन्मय चटर्जी,निरंजन विश्वास,विवेक वर्धन,शिव दत्ता,रुमासेन गुप्ता,सुचित्रा वर्धन,सुबीर शाहा,बापी राय शामिल थे। उन्होने संयुक्त रुप से कहा कि बंग समाज को पूरे देश में स्वतंत्रता संग्राम में किए गए उसके बलिदान के लिए जाना जाता है और जिस बात का गर्व हर बंग समाज के सदस्य को है और ताउम्र रहेगा। स्वामी विवेकानंद, गुरु रबीन्द्रनाथ, नेताजी सुभाष जैसे ना जाने कितने मनीषियों ने बंगाल के भूमि में जन्म लेकर भारत माता की सेवा में अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया और हमारे समाज को ना केवल देश में अपितु सम्पूर्ण विश्व में गौरवान्वित किया। रायपुर तो वो भूमि है जिसमे आज भी स्वामी विवेकानंद जी के बितायें हुए अपने जीवनकाल के समय को स्वर्णिम माना जाता है और सम्पूर्ण छत्तीसगढ़ स्वयं अपने आप को इस बात के लिए धन्य मानती है।
विज्ञान, कला, संगीत, चिकित्सा, साहित्य के लिए जाना जाने वाला समाज आज आतंकित और आहत है, महुआ मोइत्रा जैसे राजनेताओं की ओछी हरकतों से जिसमे वो हर कदम पर इस समाज के खिलाफ अपने राजनैतिक स्वार्थ और लाभ के लिए षड्यंत्र कर रही है। पिछले दिनों जब जब बांग्लादेशी होने के शक पर छत्तीसगढ़ पुलिस ने अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशियों पर कार्रवाई की तब महुआ मोइत्रा ने छत्तीसगढ़ पुलिस के खिलाफ अभद्र टिप्पणियां की, वो यहाँ भी नहीं रुकी और देश के गृह मंत्री के सर को काटकर प्रधानमंत्री के मेज़ पर रखने तक की बात कह डाली। छत्तीसगढ़ सर्व बंग समाज के आह्वान पर महुआ मोइत्रा पर माना थाने में एफआईआर क्र दर्ज करवाया गया है ताकि ऐसी गंदी राजनीति का तत्काल प्रभाव से रोकथाम हो सके। इस कार्रवाई की मंशा यह भी है कि छत्तीसगढ़ या अन्य सभी प्रदेशों में बंग समाज के खिलाफ इस तरह की राजनीति के कारण कोई वैमनस्यता ना ऊपज़ पाये और इस तरह की राजनीति करने वालो को भी कानूनी दायरे में लाकर सज़ा दिलवाया जा सके।
बांग्लाभाषी और बांग्लादेशी के इस फर्क को मिटाने में यह नेता इतने मशगूल हो गए है कि यह इस बात को समझने में नाकाम है की पश्चिम बंगाल के बाहर भी 3 करोड़ बंग समाज के नागरिक- वर्षों से शांतिपूर्ण ढंग से निवास कर रहे है, जिनके लिए हर दिन महुआ मोइत्रा जैसे नेता जोखिम और खतरा पैदा करते जा रही है। आज छत्तीसगढ़ सर्व बंग समाज ऐसे राजनीतिविदों की घोर निंदा करती है और छत्तीसगढ़ सरकार से मांग करती है की माना थाने में दर्ज हुए एफआईआर पर तत्काल कार्रवाई करते हुए महुआ मोइत्रा की गिरफ्तारी करके कोर्ट के सामने प्रस्तुत करे और ऐसी ओछी राजनीति पर रोक लगाए। छत्तीसगढ़ सर्व बंग समाज अन्य सभी प्रदेशों में निवासरत बंग भाइयों एवं बहनों के साथ मिलकर लोकसभा अध्यक्ष एवं राष्ट्रपति से मिलकर महुआ मोइत्रा को लोकसभा से निष्कासन करने हेतु सहयोग माँगेगी।
