संघर्ष से सेवा तक: अखंड ब्राह्मण समाज ने पूरे किए 10 वर्ष

1 min read
Share this

00 हिंदी साहित्य विकास परिषद के अध्यक्ष शशांक एवं महापौर संजय ने विप्रजनों को किया संबोधित
रायपुर। छत्तीसगढ़ प्रांतीय अखंड ब्राह्मण समाज ने 10वां स्थापना दिवस समारोह रोहणी पुरम तालाब स्थित समाज के भवन में आयोजित किया। कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में हिंदी साहित्य विकास परिषद के अध्यक्ष श्री शशांक शर्मा एवं विशिष्ट अतिथि महापौर जगदलपुर श्री संजय पांडेय उपस्थित हुए। इस अवसर पर सुंदर नगर पार्षद श्रीमती सरिता आकाश दुबे सहित संगठन के पदाधिकारी, सदस्य एवं विप्रजन उपस्थित थे।
दसवें स्थापना दिवस पर प्रांतीय अखंड ब्राह्मण समाज द्वारा एक पेड़ मां के तहत 30 पौधों का पौधा रोपण किया गया, साथ ही समाज द्वारा संचालित वाचनालय का वरिष्ठ विप्रजनों ने फीता काटकर शुभारंभ किया। इस वाचनालय की विशेषता यह है कि इसमें सभी बच्चों के लिए नि:शुल्क 10वीं 12वीं विज्ञान आर्ट कॉमर्स सहित सभी विषयों के किताबें, जेईई, नीट, यूपीएससी, पीएससी के तैयारी हेतु मटेरियल पुस्तक, लॉ एवं कोर्ट के हेतु वकालत की पुस्तक उपलब्ध हैं। साथ ही जिन वरिष्ठ लोगों के विवाह के 50 वर्ष पूर्ण हो चुके हैं उनका भी सम्मान किया गया।
संगठन की प्रदेशाध्यक्ष भारती शर्मा ने बताया कि हमारा संगठन विगत 10 वर्षों से समाज को संगठित करने और सामाजिक मूल्यों को समझने के लिए कार्य कर रहा है। मानव होने के नाते हम सभी का सहयोग करते हैं। एक पेड़ मां के नाम की माध्यम से हम सभी पर्यावरण को सुरक्षित कर रहे हैं। हम प्रकार की जरूरतमंदों की मदद करते हैं जैसे अगर कोई बीमार व्यक्ति इलाज करने में असमर्थ है तो हमारा संगठन उसे आर्थिक रूप से सहयोग करता है, अगर कोई बच्चा पढ़ाई से वंचित है तो उसके स्कूल की फीस सहित कॉपी पुस्तक ड्रेस सहित सभी चीज हम उपलब्ध कराते हैं।
कार्यक्रम के विशेष अतिथि श्री शशांक शर्मा ने कहा कि बुजुर्गों का सम्मान हमारा कर्तव्य है जब तक घर में बुजुर्ग रहते हैं घर में एक सकारात्मक माहौल बना होता है। किसी संगठन को 10 वर्षों तक निरंतर चलना किसी संघर्ष से काम नहीं है, संगठन मतलब समझ और समाज से जुड़े लोगों की हर बातों पर विचार करना उसे पर अमल करना यह संगठन होता है। विशिष्ट अतिथि श्री संजय पांडेय ने कहा कि विप्र समाज के विभिन्न संगठन समाज हित में कार्य कर रहे हैं, इस अवसर पर मैं सभी सदस्यों एवं पदाधिकारी को दसवीं वर्षगांठ की हार्दिक बधाई देता हूं।