भाजपा के नये राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव में हो सकती है देरी
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नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के नये अध्यक्ष की ताजपोशी में समय लग सकता है। इसकी मुख्य वजह संगठनात्मक चुनाव पूरा न होना। राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव के लिये 19 राज्यों में संगठनात्मक चुनाव पूरा करना अनिवार्य है इसमें 14 राज्यों यह प्रक्रिया पूरी हो चुकी है शेष पांच राज्यों में अभी इसकी कवायद चल रही है।यहां यह भी बताना लाजिमी है कि वर्तमान भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा का कार्यकाल पूरा हो चुका है।
महाराष्ट्र, उत्तराखंड, हिमाचल और तेलंगाना में नए प्रदेश अध्यक्षों के नामांकन मंगलवार 1 जुलाई को भरे जायेंगें और संभवत: इन राज्यों में निर्विरोध अध्यक्ष चुने जाने की दशा में मंगलवार को ही अध्यक्ष के नामों की घोषणा हो जाये।
भाजपा के संविधान के मुताबिक, तब तक राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव नहीं हो सकता जब तक कि कम से कम 19 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में संगठनात्मक चुनाव न हो जाएं. अब तक 14 राज्यों में चुनाव हो चुके हैं और 5 अन्य में प्रक्रिया शेष है। इसलिए राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव भी तब तक रुका रहेगा जब तक उत्तर प्रदेश जैसे अहम राज्य में प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त नहीं हो जाती।
