9 नक्सलियों केे आत्मसमर्पण के साथ ही ग्राम पंचायत केरलपेंडा नक्सल मुक्त हुआ

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सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में 25 लाख के ईनामी 6 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है, आत्मसमर्पण करने वाले 16 नक्सलियों में से 9 नक्सली चिंतलानार पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत केरलपेंडा ग्राम पंचायत से आते हैं। केरलपेंडा ग्राम पंचायत के 9 नक्सलियों 1. सोड़ी चुला पिता जोगा निवासी केरलापेंदा कुंजामपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा, जगरगुण्ड़ा एरिया कमेटी पार्टी सदस्य(ईनामी 2 लाख), 2. माड़वी माड़का पिता स्व. हिड़मा निवासी केरलापेंदा पटेलपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा। ग्राम केरलापेंदा सीएनएम सदस्य, 3. रवा भीमा पिता स्व. दुला निवासी केरलापेंदा पटेलपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा। जीआरजी मिलिशया सदस्य, 4. सोड़ी देवा पिता स्व. हिड़मा निवासी तोकनपल्ली सरपंचपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा। नागाराम आरपीसी डीएकेएमएस सदस्य, 5. सोड़ी हड़मा पिता नंदा निवासी तोकनपल्ली सरपंचपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा।ग्राम तोकनपल्ली संघम सदस्य, 6. हेमला हिड़मा पिता स्व. नंगा निवासी तोकनपल्ली सरपंचपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा।ग्राम तोकनपल्ली संघम सदस्य, 7. माड़वी सन्ना पिता भीमा निवासी तोकनपल्ली सरपंचपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा।ग्राम तोकनपल्ली संघम सदस्य, 8. पदाम दारा पिता स्व. जोगा निवासी तोकनपल्ली सरपंचपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा।ग्राम तोकनल्ली संघम सदस्य, 9. सोड़ी भीमा पिता स्व. हिड़मा निवासी तोकनपल्ली सरपंचपारा थाना चिंतलनार जिला सुकमा। ग्राम तोकनल्ली संघम सदस्य केे आत्मसमर्पण के साथ ही केरलपेंडा ग्राम पंचायत नक्सल मुक्त हो गया है । इसकी पुष्टि सुकमा एसपी किरण चव्हाण ने की है।
सुकमा एसपी किरण चव्हाण ने बताया कि आज सोमवार को आत्मसमर्पण करने वाले 16 नक्सलियों में से 9 नक्सली केरलपेंडा ग्राम पंचायत के हैं, इन 9 नक्सलियों के आत्मसमर्पण के साथ ही केरलपेंडा ग्राम पंचायत नक्सल मुक्त हो गया है । जिससे राज्य सरकार की नई योजना के अनुसार केरलपेंडा ग्राम पंचायत को 1 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं के लिए पात्र हो गया है । राज्य सरकार की एलवद पंचायत योजना के तहत गांव को विकास कार्यों के लिए एक करोड़ रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी । यह योजना नई छत्तीसगढ़ नक्सल आत्मसमर्पण/पीडि़त राहत एवं पुनर्वास नीति-2025 के तहत शुरू की गई है। इसमें उन ग्राम पंचायतों के लिए एक करोड़ रुपए के विकास कार्यों की मंजूरी का प्रावधान है, जो अपने क्षेत्र में सक्रिय नक्सलियों के आत्मसमर्पण में मदद करते हैं, और उन्हें नक्सल-मुक्त घोषित करने का प्रस्ताव पारित करते हैं।